रेलवे ट्रैक पर पत्थरबाजी और अवरोध करने वालों पर जीआरपी सख्त, ग्रामीणों को किया जागरूक कुल्हनामऊ रेलवे फाटक के आसपास चला विशेष अभियान, संदिग्ध गतिविधियों की तत्काल सूचना देने की अपील; रेलवे अधिनियम के तहत सजा के प्रावधानों से कराया अवगत *संवाददाता* पंकज विश्वकर्मा जौनपुर। ट्रेनों पर पत्थरबाजी और रेलवे ट्रैक पर अवरोध पैदा करने की घटनाओं को रोकने के लिए जीआरपी जौनपुर ने सख्त रुख अपनाते हुए गुरुवार को विशेष जागरूकता अभियान चलाया। इस दौरान पुलिस टीम ने कुल्हनामऊ रेलवे फाटक और आसपास के रेलवे ट्रैक किनारे बसे गांवों में पहुंचकर ग्रामीणों को रेलवे सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। पुलिस महानिदेशक रेलवे उत्तर प्रदेश के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत उपनिरीक्षक रविन्द्र कुमार पटेल ने जीआरपी, आरपीएफ एवं पुलिस बल के साथ ग्रामीणों से संवाद स्थापित किया। टीम ने लोगों को बताया कि चलती ट्रेनों पर पत्थर फेंकना और रेलवे ट्रैक पर अवरोध उत्पन्न करना बेहद गंभीर अपराध है। ऐसी घटनाओं से रेल यात्रियों की जान जोखिम में पड़ सकती है और बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है। अभियान के दौरान पुलिस टीम ने ग्रामीणों के मोबाइल नंबरों का आदान-प्रदान भी किया, ताकि रेलवे लाइन के आसपास किसी संदिग्ध व्यक्ति की गतिविधि, पत्थरबाजी अथवा ट्रैक से छेड़छाड़ की सूचना तत्काल पुलिस तक पहुंचाई जा सके। साथ ही रेलवे अधिनियम की धारा 152 एवं 153 के तहत होने वाली कानूनी कार्रवाई और सजा के प्रावधानों की जानकारी देकर लोगों को ऐसी गैरकानूनी गतिविधियों से दूर रहने की चेतावनी दी गई। जीआरपी अधिकारियों ने ग्रामीणों से रेलवे संपत्ति की सुरक्षा में सक्रिय सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि रेलवे सुरक्षा केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि आम नागरिकों की भी सामूहिक जिम्मेदारी है। समय रहते मिली सूचना किसी बड़े रेल हादसे को रोकने में अहम साबित हो सकती है। इस मौके पर उपनिरीक्षक रविन्द्र कुमार पटेल सहित जीआरपी, आरपीएफ एवं पुलिस बल के जवान मौजूद रहे।
पूरी ख़बरें देखें — News Update